मनरेगा की एक दिवसीय कार्यशाला समपन्न

0
193

जिलाधिकारी सविन बंसल ने एस0एस0जे0 परिसर में आयोजित ग्राम प्रधानों, पंचायत प्रतिनिधियों एवं ग्राम विकास अधिकारियों व मनरेगा से जुड़े लोगो की एक एक कार्यशाला में बताया कि नवीनतम प्राविधानों की जानकारी एवं अभिनव विचारों के आदान प्रदान हेतु आयोजित इस कार्यशाला का मुख्य उददेश्य महात्मा गाॅधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारण्टी योजना (मनरेगा) योजना का मुख्य उददेश्य जल संरक्षण, सूखा निवारण, सिंचन सुविधा, भूमि विकास, बाड़ नियंत्रण व जल विकास, सर्व मौसम सड़क द्वारा ग्रामीण संयोजकता, भारत निर्माण, राजीव गाॅधी सेवा केन्द्र, कृषि सम्बन्धी, संकर्म, पशुपालन सम्बन्धी संकर्म, मत्स्य सम्बन्धी संकर्म, तटीय क्षेत्रों में मत्स्य शुष्कन वार्ड जैसे संकर्म ग्रामीण पेयजल सम्बन्धी संकर्म, ग्रामीण स्वच्छता सम्बन्धी संकर्म, कार्यों के निष्पादन के साथसाथ ग्रामीण परिवारों को प्रति वित्तीय वर्ष में 100 दिवस के श्रम रोजगार की कानूनी गारण्टी प्रदान करते हुए आजीविका सुरक्षा में वृद्वि कराना है। उन्होंने बताया कि यह योजना जनपद के सम्पूर्ण क्षेत्रों में चलायी जा रही है इस योजना के लिए पात्रता यह है कि पंजीकृत ग्रामीण परिवारों के वयस्क सदस्य जो अकुशल श्रमिक के रूप में कार्य करने के इच्छुक हो, इस योजना के अन्तर्गत वरीयता जल संरक्षण, तटबन्ध बनाने, वृ़क्षारोपण, सूक्ष्म एवं लघु सिंचाई योजना, पारम्परिक जल निकायों का नवीनीकरण, तालाबो का शुद्विकरण, ग्रामीण स्वच्छता के अन्तर्गत व्यक्तिगत पारिवारिक शौचालय, विद्यालय शौचालय, आॅगनबाड़ी शौचालय, ठोस व तरल अपशिष्ट प्रबन्धन, आॅगनबाड़ी केन्द्रों का निर्माण, खेल के मैदानों का निर्माण आदि प्रमुख है। जिलाधिकारी ने कहा कि विगत दिनों अतिवृष्टि के कारण विकासखण्ड ताकुला के सोमेश्वर थाना सहित अनेक ग्रामीण क्षेत्रों में भूकटाव व अन्य नुकसान हो गया था जिसके लिए मुख्य विकास अधिकारी के संयोजकत्व में जिला विकास अधिकारी, खण्ड विकास अधिकारी ताकुला द्वारा मनरेगा के अन्तर्गत कार्य प्रारम्भ किया गया जो पूर्ण भी हो चुका है इसके लिए जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को इस बात के लिए बधाई दी कि उन्होंने ग्रामीणों को मनरेगा कार्यक्रम के लिए प्रेरित कर इस कार्य को समय से पूरा कराया। जिलाधिकारी ने बताया कि मनरेगा के अन्तर्गत सभी परिवारों हेतु शौचालयों का निर्माण हो सके उसके लिए पायलट प्रोग्राम के अन्र्तगत जनपद के विकासखण्ड भिकियासैंण व धौलछीना को चयनित किया गया है जहाॅ पर मनरेगा कार्यक्रम के अन्तर्गत शौचालयों का निर्माण कराया जायेगा। उन्होंने बताया कि इस प्रशिक्षण में अनेक शासनादेशों व जानकारी सहित इस कार्यक्रम के लिए जो उपयोगी गाइड लाईन प्राप्त हुई है उनके बारे में बताया जा रहा है। ग्रामों में लोगो को प्रेरणा देने के लिए ग्राम प्रधान व ग्राम विकास अधिकारी प्रेरणा के स्रोत है उन्हीं के माध्यम से यह योजना आगे बढ़ सकती है। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी प्रकाश चन्द्र द्वारा इस योजना के बारे में व्यापक रूप से प्रकाश डाला गया और बताया गया कि प्रत्येक विकासखण्ड में समयसमय पर प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित कर योजना के बारे में बताया जाता है। इसके अलावा प्रभागीय वनाधिकारी एस0के0 प्रजापति ने वनीकरण के बारे में बताया और मनरेगा के अन्तर्गत वनीकरण किस प्रकार किया जा सकता है उसकी जानकारी दी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के0एस0 नगन्याल ने कहा कि यह योजना वास्तव में ग्रामीण क्षेत्रों के लिए काफी उपयोगी है इसलिए इसका लाभ ग्रामीणों को उठाना होगा। अधीशासी अभियन्ता ग्रामीण विकास विभाग आशुतोष कौशिक, अधीशासी अभियन्ता लोक निर्माण विभाग एस0डी0 पाण्डे, जिला उद्यान अधिकारी श्रीमती भावना जोशी, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी बी0एस0 जंगपागीं, जिला पंचायत राज अधिकारी जितेन्द्र कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी पी0एस0 बृजवाल ने प्रशिक्षण के दौरान अनेक महत्वपूर्ण बाते अपने विभाग के सम्बन्धित बतायी। उप जिला कार्यक्रम समन्वयक/जिला विकास अधिकारी मोहम्मद असलम ने योजना की विस्तृत जानकारी देते हुए योजना में पारदर्शिता रखने की बात सहित कार्यस्थलीय सुविधाओं, मजदूरी भुगतान प्रक्रिया, बेराजगारी भत्ता, वित्तीय संशाधनों की व्यवस्था, ई मस्ट्ररोल महत्वपूर्ण लाभ सहित अन्य के बारे में विस्तृत जानकारी दी और कहा कि इसका लाभ प्रत्येक जनप्रतिनिधि अपने ग्रामीणों को दिलाने का प्रयास करेंगे तभी इस कार्यशाला की सार्थकता सिद्व होगी।

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY