सही सूचनाएं जनमानस तक पहुॅचाना मुख्य उद्देश्य।

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सही सूचनाएं जनमानस तक पहुॅचाना मुख्य उद्देश्य।

सही सूचनाएं जनमानस तक पहुॅचाना मुख्य उद्देश्य : राष्ट्रीय प्रेस दिवस के अवसर पर सूचना कार्यालय चम्पावत में (त्मचवतज तिवउ ब्वदसिपबज ।तमं ं ब्ींससमदहम जव जीम डमकपं) विवादित क्षेत्र में मीडिया कवरेज विषय पर बोलते हुए दूरदर्शन के संवाददाता चन्द्रबल्लभ ओली ने कहा सही सूचनाएं सही समय पर व सही व्यक्ति तक पहुंचे मीडिया इसका भरसक प्रयास करता है और जहां पर विवाद हो रहा हो उसकी कवरेज सावधानी से किया जाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि आज मीडिया की भूमिका का विस्तार हुआ है इसलिए समाचारों में उसकी विश्वसनीय बनाये रखना जरूरी है। उन्होंने कहा कि विवादित क्षेत्र की खबरों की रिपोटिंग के दौरान मीडिया को सहीसही सूचनाएं लोगों तक पहुंचानी चाहिए। दैनिक जागरण के संवाददाता दिनेश चन्द्र पाण्डेय ने कहा कि विवादित क्षेत्र में कवरेज सावधानी से करना चाहिए क्यों कि विवाद के समय लोग मानसिक तनाव में होने के साथ विवादित क्षेत्र के लोगों में घटना होने तक संयम की कमी होती है, जिसके लिए मीडिया को सहीसही जानकारी होना जरूरी है, जिससे लोगों को सही जानकारी पहुंच सके। उन्होंने कहा कि सरकारी तंत्र के साथसाथ सोशल मीडिया को भी सटीक जानकारी उपलब्ध कराया जाना नितांत आवश्यक है, गलत जानकारी पर बलबा होने की आशंका बनी रहती है और समाज में मीडिया का नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। अमर उजाला के संवाददाता चन्द्रशेखर जोशी ने कहा कि संचार तंत्रों के बढ़ते प्रभाव से सूचनाओं का विस्तार बढ़ा है और छोटीछोटी खबरें भी सोशल मीडिया के माध्यम से समाचारपत्रों में प्रकाशित होने हेतु समाचार दफ्तरों तक पहुंच रही है। चूंकि मीडिया पर्सन के पास अपनी सुरक्षा का कोई साधन नहीं होता है इसलिए विवादित, झगड़े वाले क्षेत्रों में कवरेज कठिन कार्य होने के साथ उसमें खतरे भी होते हैं। उन्होंने कहा कि सूचनाओं का विस्तार जरूरी है और इनका फ्लो भी बना रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि समस्यायें तब बढ़ती हैं जहां से लोग सूचनाओं को छुपाना प्रारम्भ करते हैं। समाचार प्लस के संवाददाता सतीश चन्द्र जोशी एवं उत्तर उजाला के प्रहलाद सिंह नेगी ने विवादित क्षेत्र में कवरेज को काफी चुनौतीपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि विवादित, आपदाग्रस्त क्षेत्रों में प्रेस कवरेज एक चुनौती है इसके लिए पत्रकारों को कवरेज हेतु क्षेत्र की पूरी जानकारी लेने के साथ सजगता बरतनी चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रशासन एवं क्षेत्र के लोगों को विवादित, आपदाग्रस्त क्षेत्रों में कवरेज हेतु जाने वाले पत्रकारों को पूरी जानकारी देनी चाहिए। श्री जोशी ने पत्रकारों को साइंस वेस पत्रिकारिता पर भी कार्य करने पर बल दिया, उन्होंने कहा कि साइंस वेस पत्रिकारिता से लोगों को आपदा के प्रभावों, उससे बचाव आदि के बारे में विस्तार से जानकारी होगी। हिन्दुस्तान के संवाददाता नवीन भट्ट एवं इंडिया वोइस के संवाददाता सूरज बोरा ने कहा कि विवाद वाले क्षेत्र में कवरेज हेतु सावधानी बरतनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मीडिया कर्मी को राजनैतिक, व्यापारिक आदि क्षेत्रों में होने वाले विवाद पर दोनों पक्षों एवं क्षेत्र के लोगों से पूरी जानकारी प्राप्त करना चाहिए। उन्होंने कहा कि मीडिया को विवादित क्षेत्र की कवरेज सावधानी से करनी चाहिए जिससे क्षेत्र में किसी प्रकार का तनाव न बढ़े और प्रशासन को भी मीडिया का सहयोग करने के साथ सहीसही सूचनाएं प्रेस को उपलब्ध करानी चाहिए। उन्होंने कहा कि मीडिया के बेहतर उपयोग हेतु मीडिया मैनेजमेंट बेहतर होना आवश्यक है और यह संबंधित विभागों की संवैधानिक जिम्मेदारी भी है। न्यूज नेशन के संवाददाता गिरीश बिष्ट, जनलहर के पाण्डेय आदि संवाददाताओं द्वारा भी ‘‘विवादित क्षेत्र में मीडिया कवरेज’’ विषय अपनेअपने विचार व्यक्त किये। उन्होंने कहा कि मीडिया द्वारा खराब रिपोटिंग करने से लोगों में विपरीत प्रभाव पड़ता है इस गैप को कम करने के लिए रिपोटिंग में सत्यता होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि टीवी प्रभावशाली सूचनाओं के साथ भयानक तस्वीरों को भी प्रदर्शित करता है जिससे प्रभावितों, दूर सर्विस कर रहे प्रभावित क्षेत्र के लोगों में भय पैदा होता है, इसमें सावधानी जरूरी है। उन्होंने कहा कि जिस तरह वार (ूंत) रिपोटर टैªड होते है उसी तरह विवादित क्षेत्रों, झगड़े वाले स्थानों, दुर्घटनाओं, आपदाओं आदि की कवरेज हेतु मीडिया भी टैªड होना चाहिए उन्होंने कहा कि समयसमय पर मीडिया के लिए भी अवरनेस प्रोग्राम होने चाहिए। जिला सूचना अधिकारी एनएस बिष्ट ने कहा कि मीडिया व प्रशासन के मध्य सामन्जस्य जरूरी है, उन्होंने कहा कि प्रशासन मीडिया को सहीसही खबरें प्रेषित करें और विवादित क्षेत्र की पूरी जानकारी दे। उन्होंने कहा कि मीडिया चैथा स्तंभ है लेकिन असंगठित क्षेत्र है, इसको खबरों का बाजार बनाने से बचाने हेतु स्वयं जवाबदेह होना होगा जिससे खबरों की विश्वसनीयता पर कोई अंगूली न उठा सके। संचालन जिला सूचना अधिकारी ने किया। इस अवसर पर मीडिया प्रतिनिधि कमल जोशी, प्रकाश भट्ट, ललित मोहन भट्ट, अतिरिक्त जिला सूचना अधिकारी अहमद नदीम, कनिष्ठ सहायक मुकेश कुमार, सुरेश चन्द्र पाण्डे, रमेश जोशी आदि उपस्थित थे। सही सूचनाएं जनमानस तक पहुॅचाना मुख्य उद्देश्य।

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